प्रशांत राजपूत ,एपिक उत्तराखंड
टिहरी जनपद के तपोवन क्षेत्र में धडल्ले से चालान शुदा निर्माण एवं सील भवनों में निर्माण कार्य जारी है। जिला स्तरीय विकास प्राधिकरण टिहरी की घोर लापरवाही कहें या फिर यू माने की व्यक्तिगत लाभ के कारण प्राधिकरण के ही संरक्षण में सैकड़ो अवैध व्यावसायिक निर्माणों को किया जा रहा है। वंही पूरे प्रदेश में माननीय सुप्रीम कोर्ट के स्पष्ट आदेशों का भी खुला उल्लंघन कर हजारों आवासीय निर्माणों में व्यावसायिक गतिविधियां संचालित हो रही है और इसी तर्ज पर मानचित्र आवासीय में पास है और निर्माण चार चार मंजिला निर्माण कर व्यावसायिक इमारतें बना डाली ।

ताजा माहौल में भी इस प्रकार के कई निर्माणाधीन निर्माण विभाग के संज्ञान में होने के बाद भी सुचारु रूप से किये जा रहे है। सयोंग की बात यह है कि जिला स्तरीय विकास प्राधिकरण ,टिहरी के उपाध्यक्ष एवं उत्तराखंड आवास विकास परिषद के अपर आवास आयुक्त पद की कमान भी पूर्व से चर्चित अधिकारी दिनेश प्रताप सिंह ही संभाले है। उन्हें ऐसे निर्माणों को रोकने एवं सील करने के तमाम अधिकार प्राप्त है। ऐसे में उनके द्वारा सीलिंग और ध्वस्तीकरण जैसी कोई सक्षम कार्यवाही ना करने के भी कई मायने निकलना तय है।
